Skip to content

ये तेरी एक नज़र का है मेरे श्याम असर भजन फ़िल्मी तर्ज भजन लिरिक्स

  • by
0 832

ये तेरी एक नज़र,
का है मेरे श्याम असर,
मौज से होता बसर मेरे श्याम।।

-तर्ज- – चलो दिलदार चलो।

दिल की बातें मेरी होंठों ने कही,
ज़िन्दगी में कोई कमी ना रही,
करता तू मेरी फिकर,
रहता हूँ बेफिकर,
मौज से होता बसर मेरे श्याम।।

जो न सोचा था मुझे तूने दिया,
मैंने हर पल तुम्हारा शुक्र किया,
यूँ ही रखना मुझ पर,
सांवरे अपनी मेहर,
मौज से होता बसर मेरे श्याम।।

अब ना रहता हूँ कभी मैं गुमसुम,
ज़िन्दगी बन गए जबसे मेरी तुम,
भटका ‘कुंदन’ दर दर,
अब हुआ ख़त्म सफर,
मौज से होता बसर मेरे श्याम।।

ये तेरी एक नज़र,
का है मेरे श्याम असर,
मौज से होता बसर मेरे श्याम।।

Leave a Reply

Your email address will not be published.