Skip to content

महावीर जी का दर है सुहाना भजन लिरिक्स

0 1076

जैन भजन महावीर जी का दर है सुहाना भजन लिरिक्स
गायक- दिनेश जैन एडवोकेट इंदौर।
तर्ज – मैं जट यमला पगला।

महावीर जी का दर है सुहाना,
ओ भक्तो बार बार चले आना,
के करने से जिनवर भक्ति,
मिलती है अद्धभुत शक्ति,
महावीर जीं का दर हैं सुहाना।।

जो भी महावीरा के दर पे,
आ जाता है,
बिन मांगे ही सब कुछ,
पा जाता है,
निशदिन प्रतिपल,
प्रभु को जो ध्याता है,
सोया भाग उसका,
जग जाता है,
प्रभु का हो जाये वो दीवाना,
दीवाना दीवाना,
महावीर जीं का दर हैं सुहाना,
ओ भक्तो बार बार चले आना,
के करने से जिनवर भक्ति,
मिलती है अद्धभुत शक्ति,
महावीर जीं का दर हैं सुहाना।।

सौम्य छवि प्रभुजी की,
अद्धभुत निराली,
प्रभु निर्वाण को पाए,
शुभ दिन दीवाली,
चाँदनपुर महावीरजी,
जो आता है,
टीले वाले बाबा का,
दरश जो पाता है,
उसका हो जाये उद्धारा,
उद्धारा उद्धारा,
महावीर जीं का दर हैं सुहाना,
ओ भक्तो बार बार चले आना,
के करने से जिनवर भक्ति,
मिलती है अद्धभुत शक्ति,
महावीर जीं का दर हैं सुहाना।।

महावीर जी का दर है सुहाना,
ओ भक्तो बार बार चले आना,
के करने से जिनवर भक्ति,
मिलती है अद्धभुत शक्ति,
महावीर जीं का दर हैं सुहाना।।

Leave a Reply

Your email address will not be published.